धर्मगुरु शंकराचार्य के अपमान से उबाल, कांग्रेस ने किया शुद्धि-बुद्धि यज्ञ
चंदौली : जिला कांग्रेस कमेटी चंदौली के ज़िलाध्यक्ष अरुण द्विवेदी के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने धर्मगुरु शंकराचार्य को संगम स्नान से रोके जाने तथा उनके साथ कथित पुलिसिया दुर्व्यवहार के विरोध में शुक्रवार को शुद्धि-बुद्धि यज्ञ का आयोजन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने सरकार की नीतियों के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन करते हुए तीखी नाराज़गी जताई और इसे सनातन परंपरा का अपमान बताया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष अरुण द्विवेदी ने कहा कि भाजपा सरकार सत्ता के अहंकार में चूर होकर धर्म और आस्था का अपमान कर रही है। उन्होंने कहा कि धर्म के नाम पर जनता की भावनाएं भड़काकर सत्ता में आई भाजपा सरकार आज पूज्य शंकराचार्य जैसे महान धर्मगुरु का घोर अपमान कर रही है। उन्हें संगम स्नान से रोका जाना न केवल धार्मिक स्वतंत्रता का हनन है, बल्कि यह सनातन परंपरा के मूल सिद्धांतों पर भी सीधा हमला है।
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार सनातन संस्कृति और परंपराओं के खिलाफ लगातार काम कर रही है। कम उम्र के पूज्य ब्राह्मण बटुकों के साथ दुर्व्यवहार, उनकी शिखा उखाड़कर मारपीट जैसी घटनाएं सरकार की मानसिकता को उजागर करती हैं। अरुण द्विवेदी ने कहा कि यह सरकार का घोर पाप है और ऐसी अहंकारी सरकार को सत्ता में बने रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने आगे कहा कि शंकराचार्य के अपमान से पूरे देश के सनातन परंपरा को मानने वाले लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं। आम जनता में भारी आक्रोश है और यही जनाक्रोश आने वाले समय में इस अहंकारी भाजपा सरकार के अंत का कारण बनेगा।
शुद्धि-बुद्धि यज्ञ के माध्यम से कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि धार्मिक आस्थाओं और परंपराओं के साथ इसी प्रकार खिलवाड़ जारी रहा, तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से राजेन्द्र गौतम, परमहंस सिंह राजपूत, शिवेंद्र मिश्रा, श्रीकांत पाठक, राकेश पाठक, राकेश सिंह, ज्ञान प्रकाश तिवारी, पंकज तिवारी, संतोष चौबे, सिराजुद्दीन भुट्टो, शमशेर खां सहित बड़ी संख्या में कांग्रेसजन उपस्थित रहे।


















