यूपी TIMES18 की खबर का हुआ असर, रमौली-शहीदगांव मार्ग खुला, गड्ढा भरते ही शुरू हुआ यातायात
चंदौली : चहनियां क्षेत्र के रमौली वाया शहीदगांव मार्ग पर सीसी रोड बंद होने की खबर का आखिरकार असर देखने को मिला। यूपी TIMES18 द्वारा प्रमुखता से मामला उठाए जाने के बाद लोक निर्माण विभाग के एक्सईएन राजेश कुमार ने संज्ञान लिया, जिसके बाद बृहस्पतिवार को ठेकेदार की ओर से सड़क के बीच किए गए गड्ढे को भरवा दिया गया और बंद पड़ा मार्ग पुनः यातायात के लिए सुचारू रूप से खोल दिया गया।
गौरतलब है कि करीब एक माह पूर्व रमौली बाजार स्थित दुर्गा मंदिर के समीप सीसी रोड निर्माण के दौरान ठेकेदार द्वारा सड़क के बीच गड्ढा खोदकर छोड़ दिया गया था, जिससे मार्ग पूरी तरह अवरुद्ध हो गया था। इस कारण हजारों राहगीरों को प्रतिदिन लगभग दो किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय कर वैकल्पिक रास्ते से आना-जाना पड़ रहा था। इससे स्कूली बच्चों, बुजुर्गों, मरीजों और स्थानीय व्यापारियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था।
यूपी TIMES18 ने प्रमुखता से उठाई थी खबर
ग्रामीणों ने कई बार विभागीय अधिकारियों को समस्या से अवगत कराया, लेकिन समाधान न होने पर लोगों में आक्रोश बढ़ता जा रहा था। यहां तक कि ग्रामीणों ने धरना-प्रदर्शन की चेतावनी भी दी थी। इसी बीच यूपी TIMES18 ने इस जनसमस्या को प्रमुखता से प्रकाशित किया, जिसके बाद विभाग हरकत में आया।
लोगों ने ली राहत की सांस
मामले को गंभीरता से लेते हुए एक्सईएन राजेश कुमार के निर्देश पर ठेकेदार द्वारा सड़क के बीच बने गड्ढे को तत्काल भरवाया गया। गड्ढा भरने के बाद मार्ग को समतल कर यातायात के लिए खोल दिया गया, जिससे एक माह से परेशान लोगों ने राहत की सांस ली।
लोगो ने यूपी TIMES18 का आभार व्यक्त किया
सड़क चालू होते ही रमौली, शहीदगांव सहित आसपास के गांवों के लोगों का आवागमन सामान्य हो गया है। स्थानीय ग्रामीणों और व्यापारियों ने राहत जताते हुए यूपी TIMES18 का आभार व्यक्त किया और कहा कि मीडिया के हस्तक्षेप से ही उनकी समस्या का समाधान संभव हो सका।
निष्कर्ष
मीडिया में मामला उजागर होने के बाद विभागीय संज्ञान और त्वरित कार्रवाई से रमौली- शहीदगांव मार्ग पर बना अवरोध हटाया गया, जिससे एक माह से परेशान हजारों लोगों को राहत मिली। यह घटना दर्शाती है कि जनसमस्याओं पर समय रहते ध्यान दिया जाए तो समाधान संभव है, वहीं भविष्य में ऐसी लापरवाही न हो इसके लिए निर्माण कार्यों की सतत निगरानी आवश्यक है।


















