मॉं खण्डवारी पीजी कॉलेज में गूंजा स्काउट-गाइड का जयघोष, पांच दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का भव्य शुभारंभ
चंदौली : मॉं खण्डवारी पीजी कॉलेज में बी.एड. और डी.एल.एड. द्वितीय वर्ष के विद्यार्थियों के लिए पांच दिवसीय स्काउट-गाइड प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ गुरुवार को महाविद्यालय के सभागार में हुआ। उद्घाटन समारोह में प्रशिक्षकों एवं महाविद्यालय प्रशासन की मौजूदगी में अनुशासन, सेवा और आत्मनिर्भरता के मूल मंत्र के साथ शिविर की शुरुआत की गई।
स्काउट प्रशिक्षकों के निर्देशन में टोलियों का गठन
शिविर का संचालन महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के स्काउट प्रशिक्षक गोरख सर, जिला स्काउट के मुख्य प्रशिक्षक सैयद अली अंसारी, मुख्य ट्रेनर महेंद्र कुमार, गुंजा दूबे, साक्षी गुप्ता एवं आंचला मैम के निर्देशन में किया जा रहा है। पहले दिन विद्यार्थियों को अलग-अलग टोलियों में विभाजित किया गया। इसके बाद स्काउटिंग की मूलभूत गतिविधियों की जानकारी दी गई। प्रशिक्षकों ने विभिन्न प्रकार की स्काउट तालियों का अभ्यास कराया और उनके महत्व को समझाया।
इसके पश्चात स्काउट ध्वज फहराकर विद्यार्थियों को झंडे के प्रति सम्मान, उसकी संरचना तथा ध्वजाचार से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं। प्रशिक्षण के दौरान बच्चों को अनुशासन, टीम भावना और नेतृत्व कौशल विकसित करने के गुर सिखाए गए।
शिविर से निखरेगा व्यक्तित्व – प्रबंध निदेशक डॉ. आशुतोष सिंह
उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए संस्था के प्रबंध निदेशक डॉ. आशुतोष कुमार सिंह ने कहा कि स्काउट-गाइड प्रशिक्षण जीवन में अनुशासन और जिम्मेदारी की भावना विकसित करता है। उन्होंने विद्यार्थियों से शिविर में पूरी निष्ठा और अनुशासन के साथ भाग लेने की अपील की।
स्काउटिंग सिखाती है सामाजिक जिम्मेदारी – निदेशक अवनीश सिंह
विशिष्ट अतिथि निदेशक अवनीश सिंह ने कहा कि स्काउटिंग केवल एक प्रशिक्षण कार्यक्रम नहीं, बल्कि व्यक्तित्व निर्माण की प्रक्रिया है, जो सेवा भाव, आत्मनिर्भरता और सामाजिक जिम्मेदारी का पाठ पढ़ाती है।
पाठ्यक्रम का अभिन्न अंग है प्रशिक्षण – डॉ. नवनीत तिवारी
विभागाध्यक्ष डॉ. नवनीत कुमार तिवारी ने कहा कि स्काउट-गाइड प्रशिक्षण पाठ्यक्रम का अभिन्न अंग है और प्रत्येक विद्यार्थी को जीवन में कम से कम एक बार इस प्रशिक्षण का अनुभव अवश्य लेना चाहिए।
ये रहे मौजूद
कार्यक्रम के दौरान डॉ. अमरजीत यादव, डॉ. लवकुश पांडेय, राजेश सिंह, आनन्द पांडेय, अवनीश गुप्ता, सुनीता गुप्ता, डॉ. सीमा सिंह, परमहंस, राजीव, वैशाली, नीतू, काजल सहित महाविद्यालय के शिक्षकगण एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
निष्कर्ष
पांच दिवसीय इस प्रशिक्षण शिविर में विद्यार्थियों को स्काउटिंग की विभिन्न विधाओं, प्राथमिक उपचार, सामाजिक सेवा, नेतृत्व क्षमता और आपदा प्रबंधन जैसे विषयों पर व्यवहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। महाविद्यालय प्रशासन ने उम्मीद जताई कि यह शिविर विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।















