डैडीज़ इंटरनेशनल स्कूल के समर कैंप के दूसरे दिन बच्चों ने मस्ती, कला और ऊर्जा से भर दिया पूरा परिसर

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डैडीज़ इंटरनेशनल स्कूल के समर कैंप के दूसरे दिन बच्चों ने मस्ती, कला और ऊर्जा से भर दिया पूरा परिसर

चंदौली : जनपद के बिशुनपुरा कांटा स्थित डैडीज़ इंटरनेशनल स्कूल एंड हॉस्टल में आयोजित तीन दिवसीय समर कैंप का दूसरा दिन उत्साह, रचनात्मकता और मनोरंजन से भरपूर रहा। पहले दिन की शानदार शुरुआत के बाद दूसरे दिन विद्यालय परिसर बच्चों की हंसी, संगीत और रंग-बिरंगी गतिविधियों से गुलजार नजर आया। पूरा माहौल किसी उत्सव स्थल जैसा दिखाई दिया, जहां हर ओर बच्चों की ऊर्जा और उल्लास देखने को मिला।

जुम्बा सेशन में बच्चों ने संगीत की धुन पर जमकर लगाए ठुमके

सुबह 7 बजे दिन की शुरुआत “जुम्बा सेशन” से हुई। निधि मैम और पलक मैम के निर्देशन में बच्चों ने संगीत की धुन पर जमकर कदम थिरकाए। छोटे बच्चों से लेकर वरिष्ठ कक्षाओं के विद्यार्थियों तक सभी ने पूरे उत्साह के साथ भाग लिया। मैदान में एक साथ सैकड़ों बच्चों की सक्रियता ने विद्यालय की जीवंतता को और बढ़ा दिया।

इसके बाद आयु वर्ग के अनुसार विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया गया। छोटे बच्चों के लिए “कैमल एक्टिविटी”, “मिकी माउस एक्टिविटी” और “जंपिंग गेम्स” आकर्षण का केंद्र रहीं। नन्हे विद्यार्थियों के चेहरे पर खुशी और उत्साह साफ झलक रहा था।

क्राफ्ट एक्टिविटी में नन्हें हाथों ने दिखाई रचनात्मकता की शानदार झलक

वहीं कक्षा 1 से 3 तक के विद्यार्थियों के लिए “क्राफ्ट एक्टिविटी” आयोजित की गई, जिसमें बच्चों ने रंग-बिरंगे कागजों और कलात्मक डिजाइनों के माध्यम से अपनी कल्पनाओं को सुंदर आकार दिया। शिक्षकों ने बच्चों की रचनात्मकता की सराहना करते हुए उनका उत्साहवर्धन किया।

टाई नॉट और मूवी सेशन से वरिष्ठ विद्यार्थियों ने सीखी नई बातें

वरिष्ठ कक्षाओं के विद्यार्थियों के लिए “टाई नॉट एक्टिविटी” और “मूवी सेशन” आयोजित किया गया। इस दौरान विद्यार्थियों ने व्यवहारिक जीवन से जुड़ी उपयोगी बातें सीखीं और मनोरंजन के माध्यम से सामूहिक सहभागिता का अनुभव प्राप्त किया।

खेल, मस्ती और कला से बच्चों ने बनाया दिन को यादगार

विद्यालय परिसर में लगे मनोरंजन जोन में बच्चों ने दोस्तों के साथ तस्वीरें खिंचवाईं, खेलकूद किया और पूरे दिन को यादगार बनाया। हर कोना बच्चों की चहल-पहल और मुस्कुराहटों से जीवंत दिखाई दिया।

शिक्षकों और विद्यार्थियों के उत्साह से जीवंत दिखा स्कूल

समर कैंप के दौरान शिक्षकों का उत्साह भी विशेष रूप से देखने को मिला। शिक्षक केवल गतिविधियों का संचालन ही नहीं कर रहे थे, बल्कि बच्चों के साथ स्वयं भी आनंद लेते नजर आए। यही आत्मीयता विद्यालय की सबसे बड़ी विशेषता है, जहां शिक्षा केवल पुस्तकों तक सीमित नहीं बल्कि बच्चों के व्यक्तित्व विकास, आत्मविश्वास और सामाजिक व्यवहार पर भी विशेष ध्यान दिया जाता है।

विद्यालय प्रबंधन के अनुसार समर कैंप का उद्देश्य बच्चों को पढ़ाई के साथ-साथ मानसिक ताजगी, रचनात्मक सोच, टीमवर्क और सामाजिक जुड़ाव का अनुभव कराना है, ताकि वे तनावमुक्त वातावरण में नई चीजें सीख सकें।

सांस्कृतिक विविधता के बीच समर कैंप से बढ़ा आपसी मेल-जोल

विद्यालय की एक और खास पहचान इसकी सांस्कृतिक विविधता है। यहां विभिन्न राज्यों से विद्यार्थी अध्ययन करने आते हैं, जिससे परिसर का माहौल “मिनी इंडिया” जैसा प्रतीत होता है। अलग-अलग संस्कृतियों और भाषाओं के बीच यह समर कैंप बच्चों के बीच आपसी समझ और मेल-जोल को और मजबूत बना रहा है।

समर कैंप के दूसरे दिन की शानदार सफलता के बाद अब बच्चों में तीसरे और अंतिम दिन को लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है।