शिवलिंग प्रकट होने के बाद जमीन पर सियासत गरमाई, विश्व हिंदू परिषद ने की पूरी जमीन की खुदाई की मांग
चंदौली : धपरी गांव में मदरसे के निर्माण के दौरान प्रकट हुए शिवलिंग के मामले ने अब राजनीतिक और धार्मिक तूल पकड़ लिया है। विश्व हिंदू परिषद (विहिप) ने इस मामले में सख्त रुख अपनाते हुए संपूर्ण 14 बिस्वा जमीन की खुदाई की मांग की है। विहिप नेताओं का कहना है कि यह केवल एक बिस्वा जमीन का मामला नहीं है, बल्कि पूरे भूखंड की धार्मिक और ऐतिहासिक जांच होनी चाहिए।
विधायक के मित्र की जमीन पर मंदिर निर्माण पर विवाद
गौरतलब है कि एक सप्ताह पूर्व मदरसे की नींव खुदाई के दौरान एक शिवलिंग निकला था। इसके बाद से ही इलाके में धार्मिक भावनाएं उबाल पर हैं। भाजपा के मुगलसराय विधायक रमेश जायसवाल ने दावा किया था कि जमीन उनके मित्र सकलैन हैदर की है और एक बिस्वा भूमि पर मंदिर का निर्माण होगा। इस पर विश्व हिंदू परिषद ने कड़ी आपत्ति जताई है।
शिवलिंग प्रकरण में विहिप का हमला
विहिप के जिला संयोजक शशि मिश्रा ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “यह जमीन किसी की बपौती नहीं है। यह विधायक रमेश जायसवाल का निजी मामला है कि वह किस जिहादी को अपना मित्र बताते हैं। हमें 20% वालों का वोट नहीं चाहिए, हमारी आस्था की रक्षा प्राथमिकता है।”
उन्होंने यह भी दावा किया कि जिस जगह विवाद खड़ा हुआ है, वहां पूर्व में माता का मंदिर था और यदि पूरी जमीन की खुदाई कराई जाए तो वहां से कई हिंदू धार्मिक अवशेष निकल सकते हैं।
विहिप ने DM से की मुलाकात, संपूर्ण जमीन की खुदाई की मांग
विश्व हिंदू परिषद के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी चंद्रमोहन गर्ग से मुलाकात कर संपूर्ण जमीन की खुदाई कराने की मांग की है। विहिप का कहना है कि आस्था से जुड़ा यह मामला केवल एक बिस्वा तक सीमित नहीं है, बल्कि संपूर्ण क्षेत्र की ऐतिहासिक सच्चाई सामने लाने का अवसर है।
अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस संवेदनशील मामले में क्या कदम उठाता है और क्या संपूर्ण जमीन की खुदाई कराई जाती है या मामला केवल राजनीति की भेंट चढ़ कर रह जाएगा।


















