मथेला निरीक्षण गृह में सिंचाई विभाग अधिकारियों ने किया वृक्षारोपण, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश

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मथेला निरीक्षण गृह में सिंचाई विभाग अधिकारियों ने किया वृक्षारोपण, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश

चंदौली : उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित वृहद वृक्षारोपण अभियान के तहत जनपद में पर्यावरण संरक्षण की दिशा में विभिन्न विभागों द्वारा सार्थक प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में चहनियां विकासखंड के अंतर्गत मथेला स्थित निरीक्षण गृह परिसर में बुधवार को सिंचाई विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने वृक्षारोपण कर हरियाली को बढ़ावा देने का कार्य किया।

हरित भविष्य की ओर कदम

कार्यक्रम में सिंचाई विभाग के अधीक्षण अभियंता ज्ञानचंद सिंह के नेतृत्व में अधिशासी अभियंता रविशंकर मिश्रा, सहायक अभियंता रामचंद्र सिंह एवं जूनियर इंजीनियर अजय कुमार ने निरीक्षण गृह परिसर में विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए। वृक्षारोपण करते हुए अधिकारियों ने पर्यावरण संतुलन बनाए रखने एवं भावी पीढ़ियों को स्वच्छ व हरित वातावरण देने की दिशा में इसे एक महत्वपूर्ण कदम बताया।

“पर्यावरण संतुलन में वृक्षों की अहम भूमिका

इस अवसर पर अधीक्षण अभियंता ज्ञानचंद सिंह ने कहा, “वृक्ष न केवल पर्यावरण के लिए लाभकारी हैं, बल्कि वे जल संचयन, मृदा संरक्षण तथा जलवायु संतुलन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। हमारा लक्ष्य सिर्फ पौधे लगाना नहीं, बल्कि उनकी सुरक्षा एवं देखरेख सुनिश्चित करना भी है।”

जनभागीदारी से ही सफल होगा वृक्षारोपण अभियान

वहीं अधिशासी अभियंता रविशंकर मिश्रा ने अभियान को एक जनांदोलन का रूप देने की अपील करते हुए कहा कि इस मुहिम में आमजन की भागीदारी जरूरी है, जिससे अधिक से अधिक पौधे लगाए जाएं और उन्हें संरक्षित किया जाए।

पर्यावरण संरक्षण का संदेश

सहायक अभियंता रामचंद्र सिंह ने पौधारोपण के पश्चात कर्मचारियों एवं स्थानीय लोगों को जागरूक करते हुए कहा कि एक पौधा एक जीवन के बराबर है, अतः हम सबका यह कर्तव्य बनता है कि हम अपने पर्यावरण को हरा-भरा बनाए रखने में योगदान दें।

औषधीय व फलदार पौधों के संग आमजन ने भी निभाई सहभागिता

वृक्षारोपण के इस कार्यक्रम में विभागीय कर्मचारियों सहित स्थानीय लोगों ने भी सहभागिता दिखाई। लगाए गए पौधों में नीम, पीपल, अशोक, अमरूद एवं बेल जैसी औषधीय और फलदार प्रजातियाँ शामिल रहीं।

बृक्षारोपण विस्तार की योजना पर जोर 

कार्यक्रम के अंत में सभी अधिकारियों ने पौधों की नियमित देखभाल का संकल्प लिया और आगामी दिनों में और भी स्थानों पर वृक्षारोपण करने की योजना की जानकारी दी।

यह पहल न केवल प्रदेश सरकार के पर्यावरणीय लक्ष्यों की पूर्ति की दिशा में एक सशक्त कदम है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए एक हरित और स्वच्छ भविष्य की नींव भी है।