महिलाओं के सशक्तिकरण और सुरक्षा का संदेश, अलीनगर में ‘शक्ति संवाद कार्यक्रम’ का भव्य आयोजन

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महिलाओं के सशक्तिकरण और सुरक्षा का संदेश, अलीनगर में ‘शक्ति संवाद कार्यक्रम’ का भव्य आयोजन

चंदौली : महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और आत्मनिर्भरता के उद्देश्य से राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान रेवसा, अलीनगर में मिशन शक्ति फेस-5.0 के तहत ‘शक्ति संवाद कार्यक्रम’ का भव्य आयोजन किया गया। यह जनपद स्तरीय सम्मेलन महिलाओं को आत्मरक्षा, कानूनी अधिकारों, साइबर सुरक्षा और सरकारी सहायता सेवाओं के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से आयोजित किया गया। इस दौरान कार्यक्रम की अध्यक्षता विधायक सैयदराजा सुशील सिंह और विधायक मुगलसराय रमेश जायसवाल ने संयुक्त रूप से की। मौके पर जिलाधिकारी चंदौली चन्द्र मोहन गर्ग और पुलिस अधीक्षक चंदौली आदित्य लांग्हे समेत अनेक वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।

महिला सुरक्षा और सम्मान पर जोर

कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने कहा कि ‘मिशन शक्ति’ का मुख्य उद्देश्य महिलाओं एवं बालिकाओं को एक सुरक्षित और सम्मानजनक वातावरण प्रदान करना है। क्षेत्राधिकारी सकलडीहा स्नेहा तिवारी ने कहा कि महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। प्रत्येक थाने में महिला अपराधों के प्रति संवेदनशीलता के साथ त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है। पीड़िता को न्याय और सम्मान मिलना हमारी नीति है।

उन्होंने सभी नागरिकों से अपील की कि महिला सुरक्षा केवल पुलिस की नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। किसी भी घटना की सूचना तुरंत दें और जिम्मेदार नागरिक बनें।

महिला-नेतृत्व विकास की दिशा में कदम

कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि मिशन शक्ति नारी सशक्तिकरण का प्रतीक है, जो “Women-led Development” की अवधारणा को साकार करता है। कार्यक्रम में महिला रोल मॉडल्स, डॉक्टर, शिक्षिकाएं, उद्यमी, आशा कार्यकत्री, स्वयंसेवी संस्थाओं की महिलाएं और ITI छात्राएं बड़ी संख्या में शामिल हुईं और अपने अनुभव साझा किए।

कौशल और आत्मनिर्भरता पर फोकस

स्वयं सहायता समूह की कार्यकर्ता बबिता ने कहा कि कौशल विकास के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर और सशक्त बनाया जा रहा है। मिशन शक्ति अभियान महिलाओं को कानूनी अधिकारों और आत्मरक्षा के उपायों की जानकारी देकर आत्मविश्वासी बना रहा है।

समाज में लैंगिक समानता की पहल

अध्यापिका अपर्णा मालवीय ने कहा कि मिशन शक्ति अभियान समाज में लैंगिक समानता स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि महिलाओं की भागीदारी के बिना किसी समाज का विकास संभव नहीं है। मिशन शक्ति तभी सफल होगा जब समाज का हर व्यक्ति महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा के लिए आगे आए।

बाल विवाह रोकने की शपथ

कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने बाल विवाह रोकने की शपथ ली और महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा तथा समान अधिकारों की दिशा में कार्य करने का संकल्प लिया।

ये रहे मौजूद

इस अवसर पर जिलाधिकारी चंदौली चन्द्र मोहन गर्ग, पुलिस अधीक्षक आदित्य लांग्हे, मुख्य विकास अधिकारी आर. जगत साईं, जिला प्रोबेशन अधिकारी प्रभात कुमार, परियोजना निदेशक, क्षेत्राधिकारी पीडीडीयू नगर कृष्ण मुरारी शर्मा, प्रधानाचार्य ITI रेवसा अजय कुमार यादव, प्रभारी निरीक्षक अलीनगर अनिल पाण्डेय, थानाध्यक्ष महिला थाना पूजा कौर और मिशन शक्ति केंद्र प्रभारी निरीक्षक रमेश यादव मौजूद रहे।

निष्कर्ष

मिशन शक्ति फेस-5.0 न केवल महिलाओं की सुरक्षा के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है, बल्कि यह अभियान समाज में जागरूकता, सहभागिता और समानता की दिशा में एक मजबूत कदम साबित हो रहा है। यह कार्यक्रम इस बात का प्रमाण है कि जब प्रशासन, जनप्रतिनिधि और समाज एक साथ आगे आते हैं, तो महिलाओं के लिए सुरक्षित और समान अवसरों वाला वातावरण बनाया जा सकता है। मिशन शक्ति अभियान नारी सशक्तिकरण का नहीं, बल्कि “नारी सम्मान और राष्ट्र निर्माण” का आंदोलन बन चुका है।