गरीब की मड़ई में फिर धधकी आग, रोजी-रोटी पर अराजक तत्वों का वार
चंदौली : बलुआ थाना क्षेत्र के इटवां गांव निवासी मुनीर अंसारी की मिश्रपुरा पुल के पास स्थित मड़ई में सोमवार की रात अज्ञात अराजक तत्वों ने आग लगा दी। देखते ही देखते बांस और पुआल से बनी मड़ई धू-धूकर जलने लगी। आग की लपटें और धुआं उठता देख आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मच गई और मौके पर भारी भीड़ जुट गई। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंची और मामले की जांच-पड़ताल शुरू की।
जानकारी के अनुसार इटवां गांव निवासी मुनीर अंसारी पुत्र सदीक अंसारी ने मिश्रपुरा पुल के समीप करीब ढाई बिस्वा जमीन बैनामा कराया है। परिवार की रोजी-रोटी चलाने के लिए उन्होंने बांस और पुआल के सहारे एक छोटी सी मड़ई डालकर मीट की दुकान शुरू की थी। आरोप है कि दुकान शुरू होने के कुछ ही दिनों बाद से ही शरारती तत्वों द्वारा लगातार परेशान किया जाने लगा। कभी मड़ई की पटिया तोड़ दी जाती तो कभी उसमें आग लगाने का प्रयास किया जाता।
सोमवार की रात करीब 10 बजे एक बार फिर अज्ञात अराजक तत्वों ने मड़ई में आग लगा दी। देखते ही देखते आग ने पूरी मड़ई को अपनी चपेट में ले लिया। धुआं उठता देख आसपास के लोग दौड़कर मौके पर पहुंचे और इसकी सूचना दुकानदार मुनीर अंसारी को दी। सूचना मिलते ही मुनीर मौके पर पहुंचे और अपनी दुकान को जलता देख फफक पड़े। उन्होंने तत्काल डायल 112 पर सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटना की जानकारी ली और जांच शुरू की।
पीड़ित मुनीर अंसारी ने भावुक होकर कहा, “मैं गरीब आदमी हूं। पापी पेट के लिए छोटी सी दुकान लगाकर परिवार का भरण-पोषण कर रहा था। पता नहीं मेरी यह दुकान कुछ लोगों को क्यों रास नहीं आ रही है। बार-बार दुकान को नुकसान पहुंचाया जा रहा है और अब आग लगा दी गई।”
उन्होंने कहा कि उन्हें सरकार और प्रशासन पर पूरा भरोसा है और उन्हें उम्मीद है कि दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होगी। पीड़ित ने पुलिस प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर अज्ञात आरोपितों का पता लगाने और न्याय दिलाने की गुहार लगाई है।
घटना के बाद क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। पुलिस मामले की जांच में जुटी है और आग लगाए जाने के पीछे की वजह तथा आरोपितों की पहचान करने का प्रयास कर रही है।


















