खुश्बू किन्नर बम ब्लास्ट मामले में बड़ा मोड़, आरोपी विकास सिंह का वीडियो वायरल, खुद को बताया बेगुनाह
चंदौली : बलुआ थाना क्षेत्र के मोहरगंज बाजार के समीप खुश्बू किन्नर के घर हुए बम ब्लास्ट मामले में अब एक नया और चौंकाने वाला मोड़ सामने आया है। इस सनसनीखेज घटना के बाद जहां बुधवार को चहनियां चौराहा पर बड़ी संख्या में किन्नर समाज के लोगों ने चक्काजाम कर जमकर हंगामा किया था, वहीं अब इस मामले में आरोपी बताए जा रहे विकास सिंह ने एक वीडियो जारी कर खुद को बेगुनाह बताया है। यह वीडियो फिलहाल सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
आरोपी विकास सिंह का वीडियो बयान
वायरल वीडियो में विकास सिंह ने बम ब्लास्ट की घटना में किसी भी प्रकार की संलिप्तता से इनकार करते हुए कई गंभीर आरोप लगाए हैं। विकास सिंह का कहना है कि खुश्बू किन्नर और अभिषेक सिंह उर्फ टिंकू के बीच पहले दोस्ती थी, लेकिन टिंकू की शादी के बाद यह संबंध समाप्त हो गया। इसके बाद कथित रूप से खुश्बू किन्नर द्वारा टिंकू और उसके परिवार को लगातार प्रताड़ित किया जाने लगा।
विकास सिंह के अनुसार, टिंकू के पिता के साथ मारपीट, गाली-गलौज, घर पर चढ़कर हंगामा करना और तरह-तरह की अवैधानिक गतिविधियां की जाती थीं। इन्हीं परिस्थितियों से परेशान होकर टिंकू की पत्नी छाया सिंह ने हाईकोर्ट में एक एप्लिकेशन दी थी, जिसमें आरोप लगाया गया कि उनके पति को मारना-पीटना, बंधक बनाकर रखना अब एक नियमित प्रक्रिया बन चुकी है।
साजिश का आरोप
विकास सिंह ने आगे आरोप लगाया कि टिंकू ने अब खुश्बू किन्नर से पूरी तरह दूरी बना ली है। वहीं दूसरी ओर उन्होंने बलुआ थाना क्षेत्र के कुछ लोगो पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि ये लोग मिलकर एक साजिश रचते हैं ताकि अभिषेक सिंह उर्फ टिंकू, विकास सिंह, विशाल सिंह उर्फ शालू, मनोज सिंह समेत पूरे परिवार को झूठे मुकदमों में फंसाया जा सके।
विकास सिंह का आरोप है कि इसी साजिश के तहत बम ब्लास्ट जैसी घटनाएं कराई जाती हैं, जिसके बाद उनके परिवार के लोगों पर मुकदमे दर्ज होते हैं। उन्होंने बताया कि इस मामले में उनके बड़े भाई मनोज सिंह, छोटे भाई विशाल सिंह उर्फ शालू और एक रिश्तेदार मनीष सिंह को जेल जाना पड़ा है। आरोप यह भी लगाया गया कि जेल जाने के बाद खुश्बू किन्नर द्वारा लोगों को भेजकर उनके घर पर पथराव कराया जा रहा है।
न्यायपालिका और मुख्यमंत्री से अपील
वीडियो में विकास सिंह ने न्यायपालिका से भावुक अपील करते हुए कहा कि यदि जांच में उनके ऊपर लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं तो उन्हें फांसी की सजा दी जाए। साथ ही उन्होंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। विकास सिंह ने स्पष्ट कहा कि अगर जांच में उनकी और उनके परिवार की संलिप्तता सिद्ध होती है, तो उन्हें भी फांसी की सजा दी जाए।
किन्नर समाज से भी की अपील
विकास सिंह ने किन्नर समाज से हाथ जोड़कर निवेदन करते हुए कहा कि वे अपने माता-पिता के बाद किन्नर समाज को पूजनीय मानते हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि खुश्बू किन्नर असल में किन्नर नहीं है और उसका पूर्व नाम नौशाद अली था। विकास सिंह का कहना है कि इस तरह की गतिविधियों से किन्नर समाज की छवि धूमिल हो रही है और समाज को भय के माहौल में धकेला जा रहा है।
जांच के बाद ही होगा खुलासा
फिलहाल यह पूरा मामला आरोप-प्रत्यारोप का रूप ले चुका है। बम ब्लास्ट जैसी गंभीर घटना के बाद प्रशासन और पुलिस की भूमिका भी सवालों के घेरे में है। अब देखना यह होगा कि पुलिस जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और सच्चाई किसके पक्ष में जाती है। जिले भर की नजरें इस हाई प्रोफाइल मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच पर टिकी हुई हैं।


















