बारिश से कच्चा मकान ढहा, पांच घायल, दो की हालत गंभीर

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बारिश से कच्चा मकान ढहा, पांच घायल, दो की हालत गंभीर

चंदौली : जिले के धानापुर थाना क्षेत्र के नौली गाँव में शुक्रवार तड़के दर्दनाक हादसा हो गया। लगातार हो रही बारिश के कारण कतवारू राम का कच्चा मिट्टी का मकान अचानक भरभरा कर गिर गया। उस समय परिवार के सभी सदस्य गहरी नींद में थे। जैसे ही मकान गिरने की आवाज गूंजी, आस-पड़ोस के लोग मौके पर दौड़े और देखा कि परिवार मलबे में दबा हुआ है। ग्रामीणों ने तत्काल राहत कार्य शुरू किया और कड़ी मशक्कत के बाद सभी को सुरक्षित बाहर निकाला। इस हादसे में पांच लोग घायल हो गए, जिनमें से दो की हालत गंभीर बताई जा रही है।

घायलों की स्थिति

शैलेन्द्र कुमार (30 वर्ष) और राजदेई देवी (62 वर्ष) गंभीर रूप से घायल हैं। दोनों का इलाज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, धानापुर में चल रहा है। वही शुभम कुमार (12 वर्ष), नेहा (11 वर्ष) और दिव्यांश (4 वर्ष) को भी चोटें आई हैं, हालांकि उनकी स्थिति खतरे से बाहर बताई गई है।

प्रत्यक्षदर्शी सुभाष राम ने बताया कि सुबह करीब चार बजे अचानक जोरदार आवाज के साथ उनका चाचा कतवारू राम का मकान गिर पड़ा। ग्रामीण तुरंत जुट गए और मलबा हटाकर किसी तरह परिवार के सभी लोगों को बाहर निकाला गया। यदि ग्रामीण तत्परता न दिखाते तो हादसा बड़ा रूप ले सकता था।

आधा दर्जन परिवार अब भी कच्चे घरों में

स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि नौली गाँव में अब भी लगभग आधा दर्जन गरीब परिवार कच्चे मकानों में रहने को मजबूर हैं। प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री द्वारा बार-बार गरीबों को पक्के मकान उपलब्ध कराने की बात कही जाती है, लेकिन ज़मीनी स्तर पर कई जरूरतमंद परिवार अब तक आवास योजना का लाभ नहीं ले पाए हैं। ग्रामीणों ने चिंता जताई कि यदि समय रहते उन्हें सरकारी आवास मिल जाता, तो ऐसी घटनाओं से बचाव संभव होता।

प्रशासन ने दिए निर्देश

इस संबंध में खंड विकास अधिकारी विजय कुमार ने बताया कि संबंधित ग्राम विकास अधिकारी को तत्काल निर्देशित किया गया है। पात्र लाभार्थियों के नाम प्रधानमंत्री आवास योजना की सूची में दर्ज कराए जाएंगे और जल्द ही उन्हें सरकारी आवास योजना का लाभ उपलब्ध कराया जाएगा।

गाँव में दहशत और चिंता

इस घटना के बाद गाँव में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि पीड़ित परिवार को मुआवजा और तात्कालिक आर्थिक मदद उपलब्ध कराई जाए। साथ ही जिन परिवारों के पास अब भी पक्का मकान नहीं है, उन्हें जल्द से जल्द आवास उपलब्ध कराया जाए ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।