भूमि विवाद में बवाल, पुलिस-प्रशासन की संयुक्त टीम पर ग्रामीणों का लाठी-डंडों से हमला
चंदौली : नौगढ़ तहसील क्षेत्र के भरदुआ विशेश्वरपुर गांव में भूमि विवाद को लेकर बुधवार को जमकर बवाल हो गया। अतिक्रमण हटाने पहुंची पुलिस, राजस्व और वन विभाग की संयुक्त टीम पर ग्रामीणों ने लाठी-डंडों से हमला कर दिया। अचानक हुए हमले में पुलिस और वन विभाग के कई कर्मी घायल हो गए। कुछ कर्मचारियों के सिर में चोट लगने से वह लहूलुहान हो गए। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने हल्का बल प्रयोग करते हुए भीड़ को खदेड़ा और हालात पर काबू पाया।
पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने बताया कि गांव में पिछले करीब तीन महीने से भूमि को लेकर विवाद चल रहा था। ग्रामीणों द्वारा वन विभाग की भूमि पर लगातार कब्जा करने का प्रयास किया जा रहा था। वहीं, विवादित क्षेत्र में ऐसे काश्तकारों की जमीन भी शामिल है, जो करीब 50 वर्षों से वहां खेती करते आ रहे हैं।
ग्रामीणों द्वारा इनकी भूमि पर भी कब्जे का प्रयास किए जाने की शिकायतें सामने आई थीं। इस मामले को लेकर पूर्व में भी दो-तीन घटनाएं हो चुकी थीं। वन विभाग, राजस्व विभाग और पुलिस की टीम ने ग्रामीणों से बातचीत कर विवाद शांत कराने का प्रयास किया था।
एसपी के अनुसार, मंगलवार को वन विभाग की भूमि पर कथित रूप से अवैध तरीके से धान की रोपाई कर दी गई थी। इसके बाद अतिक्रमण हटाने के लिए वन विभाग, राजस्व विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची थी। टीम कार्रवाई कर ही रही थी कि बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने लाठी-डंडों से हमला कर दिया। घटना में करीब 70 से 80 लोगों के शामिल होने की बात सामने आई है।
पुलिस ने मौके से महिला और पुरुष समेत कई ग्रामीणों को हिरासत में लिया है। सरकारी कार्य में बाधा डालने सहित अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है। पुलिस अब वीडियो और अन्य साक्ष्यों के आधार पर हमले में शामिल लोगों की पहचान कर रही है।
एसपी आकाश पटेल ने स्पष्ट किया कि सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे के खिलाफ प्रशासन का अभियान जारी रहेगा और कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।


















