वन भूमि खाली कराने पहुंची प्रशासनिक टीम का ग्रामीणों ने किया घेराव, घंटों हंगामा, महिलाएं बुलडोजर के सामने डटीं, विरोध के बीच अतिरिक्त पुलिस बल तैनात
चंदौली : नौगढ़ तहसील के मझगाई रेंज अंतर्गत भरदौआ गांव में आरक्षित वन भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने पहुंची वन विभाग, राजस्व विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम को सोमवार को ग्रामीणों के भारी विरोध का सामना करना पड़ा। सैकड़ों की संख्या में पहुंचे महिला-पुरुषों ने कार्रवाई का विरोध करते हुए एसडीएम विनय मिश्रा का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया। मौके पर घंटों तक हंगामा और नारेबाजी होती रही, जिसके चलते स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
जानकारी के अनुसार वन विभाग की टीम जेसीबी और ट्रैक्टर लेकर आरक्षित वन भूमि पर ट्रेंच खोदकर अतिक्रमण हटाने पहुंची थी। कार्रवाई शुरू होते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर एकत्र हो गए। महिलाओं ने बुलडोजर के सामने खड़े होकर कार्रवाई रोक दी और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। विरोध बढ़ने पर चकिया सर्किल और बबुरी थाने की अतिरिक्त पुलिस फोर्स को मौके पर बुलाना पड़ा।
प्रदर्शन के दौरान एक युवक ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्हें निष्पक्ष कार्रवाई पर भरोसा नहीं है। वहीं ग्रामीणों का आरोप है कि वे वर्षों से उक्त भूमि पर खेती कर अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे हैं, लेकिन अब उन्हें जबरन उजाड़ने का प्रयास किया जा रहा है। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि पहले भूमि को निजी व्यक्ति की बताई गई, जबकि अब उसे वन विभाग की भूमि बताकर कब्जा लेने की कार्रवाई की जा रही है। प्रदर्शनकारियों ने कार्रवाई के दौरान महिलाओं के साथ अभद्रता और कई ग्रामीणों के साथ मारपीट का भी आरोप लगाया।
इस मामले में एसडीएम नौगढ़ विनय मिश्रा ने बताया कि भरदौआ गांव में वन विभाग की भूमि पर अवैध कब्जों को हटाने के लिए वन विभाग, राजस्व विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा अभियान चलाया गया। उन्होंने कहा कि खाली पड़ी सरकारी वन भूमि से अवैध कब्जे हटाए गए हैं। जिन स्थानों पर लोगों ने विरोध किया है, वहां आगे की रणनीति बनाकर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकारी वन भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने का अभियान आगे भी जारी रहेगा।


















