वर्दीसांडा गांव की बदहाली पर भड़के ग्रामीण, डीएम कार्यालय का किया घेराव, नाली, स्वच्छ पेयजल और सड़क की समस्या से परेशान ग्रामीणों ने 15 दिन का दिया अल्टीमेटम, समाधान नहीं होने पर बड़े आंदोलन की चेतावनी
चंदौली : धानापुर विकासखंड के वर्दीसांडा गांव में मूलभूत सुविधाओं के अभाव से परेशान ग्रामीणों का आक्रोश शुक्रवार को फूट पड़ा। नाली, स्वच्छ पेयजल, पक्की सड़क और सामुदायिक शौचालय की मांग को लेकर लामबंद होकर सैकड़ों ग्रामीण जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और गेट पर घेराव कर अपनी समस्याओं से जिलाधिकारी चंद्रमोहन गर्ग को अवगत कराया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कई बार संबंधित अधिकारियों को समस्याओं से अवगत कराने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
ग्रामीणों ने बताया कि गांव में समुचित नाली व्यवस्था नहीं होने से गंदा पानी जमा रहता है और जलनिकासी की समस्या बनी रहती है। स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता नहीं होने से लोगों के स्वास्थ्य पर भी खतरा बना हुआ है। वहीं, दलित बस्ती में पक्की नाली और खड़ंजा नहीं होने से आवागमन बेहद कठिन हो गया है। स्थिति यह है कि किसी के बीमार पड़ने पर एंबुलेंस का घर तक पहुंचना भी मुश्किल हो जाता है।
ग्रामीणों ने गांव में सामुदायिक शौचालय नहीं होने से महिलाओं को होने वाली परेशानियों का भी मुद्दा उठाया। विशेषकर बारिश के दौरान स्थिति और भी खराब हो जाती है। उन्होंने जिलाधिकारी से गांव का स्थलीय निरीक्षण कराकर समस्याओं का शीघ्र समाधान कराने तथा घरों तक सड़क, नाली और स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित कराने की मांग की।
इस दौरान ग्रामीणों ने प्रशासन को 15 दिनों का अल्टीमेटम देते हुए चेतावनी दी कि निर्धारित अवधि में समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो वे बड़ी संख्या में एकजुट होकर आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। जिलाधिकारी चंद्रमोहन गर्ग ने ग्रामीणों को समस्याओं का शीघ्र निस्तारण कराने का भरोसा दिलाया।
प्रदर्शन के दौरान दिवाकर रावण, पवम कुमार, आरती, सुनीता, खारा, रिंकी, निशा, सीमा, लालमती, प्रेमशीला, करन कुमार, विकास कुमार, मनीष, आनंद, सुमित, उषा, रुक्मिना, आशा, तेतरी, आतवरी सहित सैकड़ों ग्रामीण मौजूद रहे।


















